ग्रेटर नोएडा: उत्तर प्रदेश सरकार के मत्स्य मंत्री डॉ. संजय निषाद के विवादित बयान के विरोध में आज क्षत्रिय करणी सेना ने सूरजपुर स्थित कलेक्ट्रेट पर जोरदार विरोध प्रदर्शन किया। संगठन के कार्यकर्ताओं ने नारेबाजी करते हुए प्रशासन के माध्यम से महामहिम राज्यपाल आनंदीबेन पटेल के नाम ज्ञापन सौंपा।
जिलाधिकारी की अनुपस्थिति में एसडीएम वेद प्रकाश पांडे ने संगठन का ज्ञापन स्वीकार किया। इस दौरान संगठन ने मंत्री द्वारा बलिया जनपद और वहां के नागरिकों के प्रति की गई टिप्पणी को अमर्यादित और समाज को ठेस पहुंचाने वाला बताया।
क्षत्रिय करणी सेना के नोएडा महानगर अध्यक्ष ठाकुर संग्राम सिंह चौहान ने कहा कि “बलिया एक ऐतिहासिक और गौरवशाली जनपद है, जिसने देश को 1857 के प्रथम स्वतंत्रता संग्राम के महानायक मंगल पांडे जैसे वीर सपूत दिए हैं। ऐसे जिले के प्रति असंवेदनशील बयान न केवल अपमानजनक है, बल्कि सामाजिक एकता को भी नुकसान पहुंचाने वाला है।”
प्रदेश प्रवक्ता विपिन सिंह सूर्यवंशी ने कहा कि एक संवैधानिक पद पर बैठे व्यक्ति से मर्यादित भाषा की अपेक्षा की जाती है। ऐसे बयान न केवल लोकतांत्रिक मूल्यों के खिलाफ हैं, बल्कि समाज में तनाव उत्पन्न कर सकते हैं।
प्रदर्शन के दौरान संगठन के सैकड़ों कार्यकर्ता मौजूद रहे, जिनमें जोगिंदर, शैलेंद्र, निक्कू राजा, सूरज, शिवम, सोनू, मोहित और आकाश सहित अन्य सदस्य शामिल थे। सभी ने शांतिपूर्ण तरीके से प्रदर्शन करते हुए अपनी मांगें प्रशासन के समक्ष रखीं।
ज्ञापन में प्रमुख रूप से तीन मांगें रखी गईं – मंत्री डॉ. संजय निषाद के बयान की न्यायिक जांच कराई जाए, उन्हें तत्काल मंत्री पद से बर्खास्त किया जाए, और उनके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाए।
संगठन ने चेतावनी दी कि यदि तय समय सीमा के अंदर सरकार द्वारा उचित कार्रवाई नहीं की गई, तो क्षत्रिय करणी सेना पूरे उत्तर प्रदेश में व्यापक आंदोलन करने के लिए बाध्य होगी, जिसकी पूरी जिम्मेदारी शासन और प्रशासन की होगी।



