गाज़ियाबाद, उत्तर प्रदेश—द्वारिका पुरम, मोरटी, नंदग्राम थाना क्षेत्र और राजनगर एक्सटेंशन जैसे विकसित इलाकों में हाल के दिनों में चोरी की घटनाओं में लगातार इजाफा देखने को मिला है। स्थानीय लोगों का कहना है कि पुलिस प्रशासन की लापरवाही के कारण चोरों के हौसले बुलंद हैं और अपराधियों पर प्रभावी नियंत्रण होता नहीं दिख रहा।
निवासियों का आरोप है कि बाइक, स्कूटी समेत लाखों की चोरी होने के बावजूद नंदग्राम थाना और मैरी चौकी पुलिस मुकदमा दर्ज करने में टालमटोल कर रही है। कई पीड़ितों ने बताया कि शिकायत दर्ज कराने के लिए उन्हें बार-बार थाने के चक्कर लगाने पड़े, जबकि पुलिस उनकी समस्याओं को नजरअंदाज़ करती रही। लोगों का यह भी कहना है कि पुलिस उल्टे पीड़ितों को ही जिम्मेदार ठहराती है, जिससे जनता में आक्रोश बढ़ रहा है।
योगी शासन में कानून-व्यवस्था को सख्त और चुस्त-दुरुस्त बताया जाता है, लेकिन जमीन पर हालात इससे उलट दिखाई देते हैं। अपराध नियंत्रण के दावों के बावजूद नंदग्राम थाना क्षेत्र में चोरी की घटनाएं रुकने का नाम नहीं ले रहीं। लोगों ने सवाल उठाया कि जब सरकार इतनी सख्ती का दावा करती है, तो आखिर पुलिस प्रशासन इस क्षेत्र में सक्रिय क्यों नहीं दिख रहा?
स्थानीय लोगों ने आरोप लगाया कि नंदग्राम थाना क्षेत्र में अपराधियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई न होने से उनकी हिम्मत बढ़ रही है। कई मामलों में पुलिस कथित रूप से मौके पर देरी से पहुंची, जबकि अन्य मामलों में एफआईआर दर्ज करने में अनावश्यक देरी की गई।
जनता का कहना है कि नंदग्राम पुलिस को और सख्त रवैया अपनाने की सख्त जरूरत है। उन्हें आम लोगों की परेशानियों को समझकर तुरंत कार्रवाई करनी चाहिए, ताकि अपराध पर तेजी से लगाम लगाई जा सके। क्षेत्रीय लोगों ने प्रशासन और शासन से मांग की है कि मामले को संज्ञान में लेकर उच्चाधिकारी जल्द से जल्द आवश्यक कदम उठाएं।
निवासियों ने सरकार से स्पष्ट आग्रह किया है कि नंदग्राम थाने को सख्त हिदायत दी जाए, अपराधियों को संरक्षण न मिले और बढ़ती चोरी की घटनाओं पर ठोस कार्रवाई की जाए। तभी जनता में सुरक्षा की भावना मजबूत होगी और अपराध दर में कमी आएगी।



